
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘मोदी सरकार के पिछले लगभग 12 साल के कार्यकाल में सामाजिक सुरक्षा की कई योजनाएं धीरे-धीरे कमजोर होती चली गई हैं या उन्हें जानबूझकर कमजोर कर दिया गया है। पेंशन जैसी बुनियादी सुविधा भी लंबे समय से बढ़ती महंगाई के बावजूद लगभग जस की तस बनी हुई है। इसका सीधा असर बुजुर्गों और आर्थिक रूप से कमजोर पेंशनभोगियों पर पड़ा है, जो समाज के सबसे संवेदनशील वर्ग माने जाते हैं।’’
रिपोर्ट में हालांकि आगाह किया गया है कि इस प्रगति को बनाए रखने के लिए प्रभावी क्रियान्वयन जरूरी होगा। इसके लिए नीतिगत ढांचे को समयबद्ध प्रोत्साहन योजना से आगे बढ़ाकर स्थायी राष्ट्रीय कार्यक्रम में बदलने और केंद्र व राज्यों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।

बाजार नियामक सेबी ने इसके अलावा इनमें से 15 संस्थाओं को 2.94 करोड़ रुपये के कुल अवैध लाभ को 31 दिसंबर 2021 से भुगतान की तिथि तक 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित वापस जमा कराने का निर्देश दिया है।

एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स ऑफ इंडिया (AMFI) के आंकड़ों से पता चलता है कि फरवरी 2026 में गोल्ड ईटीएफ फंडों में प्रबंधित कुल परिसंपत्तियां (एयूएम) 1.83 लाख करोड़ रुपये थीं, जो फरवरी 2025 की तुलना में 165% अधिक थीं.

एयरलाइन ने एक बयान में कहा कि घरेलू उड़ानों और भारतीय उपमहाद्वीप के भीतर ईंधन शुल्क 425 रुपये होगा, जबकि पश्चिम एशिया की तरफ जाने वाली उड़ानों के लिए यह शुल्क 900 रुपये होगा।

मर्सिडीज-बेंज इंडिया के उपाध्यक्ष (बिक्री एवं विपणन) ब्रेंडन सिसिंग ने कहा, ‘‘ एक अप्रैल से हम अपने सभी मॉडल की कीमतों में करीब दो प्रतिशत की मूल्य वृद्धि लागू करेंगे।’’

सिनसिनाटी में स्थानीय चैनल ‘डब्ल्यूकेआरसी लोकल-12’ को बुधवार को दिए साक्षात्कार में ट्रंप से जब भंडार के उपयोग के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, ‘‘ हम ऐसा करेंगे और फिर बाद में इसे फिर से भर देंगे।’’

एसएंडपी ग्लोबल रेटिंग्स ने 2026 के लिए ब्रेंट कच्चे तेल की औसत कीमत का अनुमान पांच डॉलर बढ़ाकर 65 डॉलर प्रति बैरल कर दिया है।

कंपनी ने सोमवार को शेयर बाजार को दी जानकारी में बताया कि उसने मुंबई के कांदिवली के एक प्रमुख स्थान में एक प्रतिष्ठित आवासीय परियोजना विकसित करने के लिए दस्तावेजों पर हस्ताक्षर किए हैं।

इस बीच, ईरान की नेतृत्व परिषद के एक अन्य सदस्य और कट्टरपंथी न्यायपालिका प्रमुख गुलाम हुसैन मोहसिनी-एजेई ने संकेत दिया कि युद्ध रणनीति नहीं बदलेगी।
