वित्तवर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही के दौरान अंतरराष्ट्रीय परिचालन से कुल राजस्व में 38 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी गई, जो एक साल पहले के 842 करोड़ रुपये के मुकाबले 1,164 करोड़ रुपये हो गया।
ओमेगा सेकी मोबिलिटी के संस्थापक एवं चेयरमैन उदय नारंग ने कहा, ‘‘ ‘वीएक्स्ट्रा’ महानगरों के साथ-साथ छोटे व मझाले शहरों के लिए भी प्रौद्योगिकी-आधारित इलेक्ट्रिक वाहन बनाने की हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है जहां कुशल परिवहन वास्तव में जीवन और आजीविका को बदल सकता है।’’
एयरबस के अध्यक्ष (अंतरराष्ट्रीय) और कार्यकारी समिति के सदस्य वाउटर वान वर्श ने बुधवार को ‘सिंगापुर एयरशो’ में पत्रकारों के साथ बातचीत में यह जानकारी दी और कहा कि सैन्य परिवहन विमान ‘सी295’ टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड और एयरबस के संयुक्त उद्यम वडोदरा असेंबली लाइन से निकला पहला ‘मेड इन इंडिया’ उत्पाद होगा।
इससे एक दिन पहले पेसकोव ने स्पष्ट किया था कि रूस को भारत की ओर से रूसी तेल की खरीद बंद करने के संबंध में अब तक कोई आधिकारिक बयान या सूचना प्राप्त नहीं हुई है।
इंडिगो ने कहा कि वह पट्टे पर लिए गए ड्रीमलाइनर विमानों से संचालित की जा रही अपनी लंबी दूरी वाली उड़ानों का समायोजन करेगी। इसके तहत 17 फरवरी से कोपनहेगन के लिए सेवाएं निलंबित की जाएंगी, जबकि दिल्ली–लंदन हीथ्रो और दिल्ली–मैनचेस्टर मार्गों पर उड़ानों की संख्या भी घटाई जाएगी।
क्रिसिल रेटिंग्स के वरिष्ठ निदेशक अनुज सेठी ने कहा, ‘‘ दुर्लभ खनिजों की कमी से उत्पन्न आपूर्ति व्यवधान ने साल के मध्य में इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों मात्रा को प्रभावित किया। जैसे-जैसे उपलब्धता में सुधार हुआ और आईसीई मॉडल में जीएसटी आधारित मूल्य संशोधन हुआ, मूल उपकरण विनिर्माता (ओईएम) ने छूट दी और कम कीमत वाले इलेक्ट्रिक मॉडल पेश किए ताकि आईसीई-ईवी मूल्य अंतर को कम किया जा सके।’’
उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में बॉन्ड बाजार में स्वागतयोग्य वृद्धि हुई है, लेकिन बाजार को और मजबूत करने के लिए अभी बहुत कुछ किया जाना बाकी है। इसमें शीर्ष रेटिंग वाली कंपनियों के अलावा अन्य जारीकर्ताओं की भागीदारी बढ़ाना, अधिक आरंभिक सार्वजनिक निर्गम सुनिश्चित करना और वित्तीय सेवा क्षेत्र से बाहर की कंपनियों को भी इस मार्ग का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित करना शामिल है।
रेटिंग एजेंसी ने बयान में कहा कि चालू वित्त वर्ष 2025-26 इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की वृद्धि अस्थायी रूप से दुर्लभ खनिजों (रेयर-अर्थ मैग्नेट) की आपूर्ति में व्यवधान और आंतरिक दहन इंजन (आईसीई) मॉडलों पर माल एवं सेवा कर (जीएसटी) के युक्तिकरण के कारण धीमी रहने के आसार है।